Sunday, 01 November 2026
BREAKING
• मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने पंचकूला में रन फॉर यूनिटी को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना, स्वयं भी दौड़ में लिया भाग • हरियाणा के खिलाड़ियों के साथ खिलवाड़ कर रही भाजपा सरकारः दिग्विजय चौटाला • संवैधानिक मूल्यों पर मंथन और हरियाणा की विकास यात्रा पर केंद्रित होगा जनप्रतिनिधि सम्मेलन • नितिन नवीन जाएंगे हरियाणा, रोहतक में 'लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ' पदयात्रा में होंगे शामिल • 'बेरहमी से मारा गया...', पंचकूला के एक स्कूल में 6 वर्ष की बच्ची से मारपीट पर बोले परिजन • पंजाब सरकार की ओर से गांवों के विकास को प्राथमिकता, डेराबस्सी के पांच गांवों में 50 लाख रुपये के विकास कार्य शुरू: विधायक कुलजीत सिंह रंधावा • एशियन चैंपियंस ट्रॉफी : लीग चरण अंतिम दौर में दाखिल • हीरो एशियन चैंपियंस ट्रॉफी के सेमीफाइनल और फाइनल मुकाबलों की मेजबानी के लिए मोहाली पूरी तरह तैयार • मान सरकार के फास्टट्रैक पोर्टल ने 'ईज़ ऑफ़ डूइंग बिज़नेस' के तहत नए मापदंड स्थापित किए; 16 महीनों में 20 हज़ार से अधिक मंज़ूरियाँ जारी • डॉ. बलजीत कौर: पंजाब सरकार द्वारा अनुसूचित जाति के विद्यार्थियों के उच्च शिक्षा के सपनों को मिल रहा मजबूत सहारा; वर्ष 2026-27 में 2.70 लाख विद्यार्थियों को मिलेगा छात्रवृत्ति का लाभ

राष्ट्रीय

जनरल धीरज सेठ बने भारतीय सेना के नए सेना प्रमुख

Updated on Tuesday, June 30, 2026 11:04 AM IST

नई दिल्ली : जनरल धीरज सेठ भारतीय सेना के नए सेना प्रमुख बन गए हैं। इससे पहले वह सेना के उप प्रमुख के रूप में कार्यरत थे। उन्होंने 30 जून, 2026 को सेना प्रमुख का कार्यभार संभाला है। उन्होंने सेना में रेगिस्तानी क्षेत्र से लेकर जम्मू-कश्मीर में आतंकवाद-विरोधी अभियानों में महत्वपूर्ण भूमिकाएं निभाई हैं।

जनरल धीरज सेठ के सेनाध्यक्ष बनने के साथ ही निवर्तमान सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी, पीवीएसएम, एवीएसएम आज ही सेवा से सेवानिवृत्त हो गए हैं। इस अवसर पर मंगलवार को उन्हें नई दिल्ली स्थित साउथ ब्लॉक लॉन्स में सेना द्वारा औपचारिक गार्ड ऑफ ऑनर प्रदान किया गया। इससे पहले सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने नेशनल वॉर मेमोरियल पर पुष्पांजलि अर्पित की।

जनरल धीरज सेठ राष्ट्रीय रक्षा अकादमी, खड़कवासला के पूर्व छात्र हैं। दिसंबर 1986 में उन्होंने भारतीय सेना की बख्तरबंद कोर में कमीशन प्राप्त किया था। अपने चार दशकों के शानदार सैन्य करियर के दौरान, उन्होंने ऑपरेशनल, रणनीतिक, क्षमता विकास और संस्थागत क्षेत्रों में व्यापक अनुभव प्राप्त किया है। उनके इस अनुभव ने भारतीय सेना की युद्ध क्षमता और दीर्घकालिक परिवर्तन में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। इसके अलावा जनरल सेठ कई महत्वपूर्ण सैन्य अभियानों में विभिन्न स्तर पर कमान संभाल चुके हैं। उनके कमांड असाइनमेंट में रेगिस्तानी क्षेत्र में एक बख्तरबंद रेजिमेंट, पश्चिमी मोर्चे पर एक बख्तरबंद ब्रिगेड और जम्मू-कश्मीर में एक आतंकवाद-विरोधी बल शामिल हैं।

जनरल धीरज सेठ ने लेफ्टिनेंट जनरल के रहते हुए सुदर्शन चक्र कोर की कमान संभाली। गौरतलब है कि सुदर्शन चक्र कोर, भारतीय सेना की एक प्रमुख स्ट्राइक फॉर्मेशन है। उन्होंने दिल्ली क्षेत्र के जनरल ऑफिसर कमांडिंग के रूप में कार्य किया है। यहां तैनाती के दौरान उन्होंने महत्वपूर्ण राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय सैन्य अभियानों और औपचारिक जिम्मेदारियों की देखरेख की। जनरल धीरज सेठ ने सेना कमांडर के पद पर पदोन्नत होने पर, दक्षिण पश्चिमी कमान और सेना की दक्षिणी कमान की जिम्मेदारी संभाली।

जनरल सेठ को दो परिचालन सैन्य कमानों की कमान संभालने और ढाई वर्षों से अधिक समय तक महत्वपूर्ण मोर्चों पर रणनीतिक पर्यवेक्षण प्रदान करने का दुर्लभ गौरव प्राप्त है। उन्होंने कई महत्वपूर्ण स्टाफ और रणनीतिक पदों पर भी कार्य किया है। उनकी इन नियुक्तियों काम परिचालन योजना, बल प्रबंधन और क्षमता विकास पर महत्वपूर्ण सकारात्मक प्रभाव पड़ा। सेना के आधुनिकीकरण में भी उनका योगदान महत्वपूर्ण रहा है।

जनरल सेठ सेना मुख्यालय के रणनीतिक योजना और क्षमता विकास विभागों में महत्वपूर्ण पदों पर कार्य किया है। इससे सेना को आधुनिकीकरण की दिशा को मजबूती मिली। वहीं क्षमता रोडमैप और दीर्घकालिक सैन्य संरचना संबंधी पहलों को आकार देने में भी उनकी अहम भूमिका रही। जनरल सेठ ने युद्ध क्षेत्र की उभरती टेक्नोलॉजी और भविष्य के युद्धक्षेत्र की अनिवार्यताओं के साथ ऑपरेशनल आवश्यकताओं को संरेखित करने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।

रक्षा मंत्रालय का कहना है कि जनरल धीरज सेठ एक कुशल सैन्य पेशेवर हैं। उन्होंने पेशेवर सैन्य शिक्षा में निरंतर उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। वह प्रशिक्षण पाठ्यक्रमों में भी शीर्ष स्थान प्राप्त करते रहे हैं। जनरल धीरज सेठ उच्च कमान पाठ्यक्रम और राष्ट्रीय रक्षा महाविद्यालय के स्नातक हैं। इसके अलावा उन्होंने पेरिस में आयोजित प्रतिष्ठित कमांड एंड स्टाफ कोर्स में भी भाग लिया हैं। उनकी यह भागीदारी समकालीन सैन्य मामलों के प्रति उनके व्यापक रणनीतिक दृष्टिकोण और समझ को दर्शाती है।

 

Have something to say? Post your comment
पीएम मोदी ने ‘स्टैच्यू ऑफ यूनिटी’ पर सरदार पटेल को अर्पित की पुष्पांजलि, 400 करोड़ रुपए से अधिक की परियोजनाओं का किया शुभारंभ

: पीएम मोदी ने ‘स्टैच्यू ऑफ यूनिटी’ पर सरदार पटेल को अर्पित की पुष्पांजलि, 400 करोड़ रुपए से अधिक की परियोजनाओं का किया शुभारंभ

बैंकिंग क्षेत्र में बड़े सुधार की तैयारी, सरकार ने गठित की उच्च स्तरीय समिति

: बैंकिंग क्षेत्र में बड़े सुधार की तैयारी, सरकार ने गठित की उच्च स्तरीय समिति

राष्ट्रीय एकता दिवस पर सीएम योगी समेत कई मुख्यमंत्रियों ने सरदार पटेल को किया नमन

: राष्ट्रीय एकता दिवस पर सीएम योगी समेत कई मुख्यमंत्रियों ने सरदार पटेल को किया नमन

अटलांटा जी20 बैठक में जयशंकर ने कनाडा, ब्राजील, अर्जेंटीना, मैक्सिको और जर्मनी के विदेश मंत्रियों से की मुलाकात

: अटलांटा जी20 बैठक में जयशंकर ने कनाडा, ब्राजील, अर्जेंटीना, मैक्सिको और जर्मनी के विदेश मंत्रियों से की मुलाकात

सरदार पटेल जयंती पर राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति और केंद्रीय गृहमंत्री समेत नेताओं ने अर्पित की पुष्पांजलि

: सरदार पटेल जयंती पर राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति और केंद्रीय गृहमंत्री समेत नेताओं ने अर्पित की पुष्पांजलि

प्रधानमंत्री मोदी ने एनवीएस-03 की सफल लॉन्चिंग पर इसरो वैज्ञानिकों को दी बधाई

: प्रधानमंत्री मोदी ने एनवीएस-03 की सफल लॉन्चिंग पर इसरो वैज्ञानिकों को दी बधाई

वाराणसी-नई दिल्ली के बीच कल से दौड़ेगी वंदे भारत स्लीपर ट्रेन, योगी आदित्यनाथ और अश्विनी वैष्णव दिखाएंगे हरी झंडी

: वाराणसी-नई दिल्ली के बीच कल से दौड़ेगी वंदे भारत स्लीपर ट्रेन, योगी आदित्यनाथ और अश्विनी वैष्णव दिखाएंगे हरी झंडी

सरदार पटेल ने आजादी के बाद सिर्फ 1,218 दिन में वो करके दिखाया, जो सबको असंभव लगता था : अमित शाह

: सरदार पटेल ने आजादी के बाद सिर्फ 1,218 दिन में वो करके दिखाया, जो सबको असंभव लगता था : अमित शाह

1 नवंबर को प्रस्तावित रैली से व्यापारी वर्ग में चिंता, सीटीआई ने इंडिया ब्लॉक के घटक दलों को लिखा पत्र

: 1 नवंबर को प्रस्तावित रैली से व्यापारी वर्ग में चिंता, सीटीआई ने इंडिया ब्लॉक के घटक दलों को लिखा पत्र

इसरो प्रमुख बोले- 'भारत के पास अब 4 नेविगेशन सैटेलाइट, कुछ महीनों में गगनयान समेत 5 और लॉन्च का लक्ष्य'

: इसरो प्रमुख बोले- 'भारत के पास अब 4 नेविगेशन सैटेलाइट, कुछ महीनों में गगनयान समेत 5 और लॉन्च का लक्ष्य'

X