Saturday, 31 October 2026
BREAKING
• पदक कुछ क्षणों में गले में डलता है, लेकिन उसे हासिल करने के लिए खिलाड़ी अपना जीवन लगा देता है : नायब सिंह सैनी • जनप्रतिनिधि सम्मेलन संविधान के प्रति प्रतिबद्धता और विधायी संस्थाओं की गरिमा को करेगा सुदृढ़ : हरविन्द्र कल्याण • प्रतिस्पर्धा के दौर में नवोन्मेष ही सफलता की असली पहचान है : अशोक बुवानीवाला • लोकतंत्र, संविधान और मताधिकार की रक्षा के लिए चुनाव आयोग की निष्पक्षता और जवाबदेही जरूरी : कुमारी सैलजा • कांग्रेस ने गन्ने के रेट में 165 प्रतिशत तो बीजेपी ने की मात्र 39 प्रतिशत बढ़ोत्तरी : भूपेंद्र हुड्डा • चीनी के दाम 55% तक बढ़े, फिर गन्ना किसानों को क्यों नहीं मिल रहा फायदा? : दीपेंद्र हुड्डा • अधिकारी की सादगी ने जीता दिल, सेवानिवृत्त कर्मचारी को खुद गाड़ी चलाकर घर छोड़ने पहुंचे IAS सुशील सारवान • ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ रैली में हरियाणा से बड़ी भागीदारी की तैयारी, सुरजेवाला से मिले संजय दत्त और राव नरेंद्र सिंह • ‘वोट बचाओ-देश बचाओ’ महारैली के लिए कांग्रेस ने तेज की तैयारियां, करनाल-पानीपत-सोनीपत में हुईं बैठकें • राहुल गांधी की 'वोट बचाओ, देश बचाओ' रैली में शामिल होने की हिमाचल के सीएम ने की अपील

राष्ट्रीय

गुजरात सरकार का ऐतिहासिक कदम, पंचायतों में ऑडिट के बाद 'एग्जिट कॉन्फ्रेंस' अनिवार्य

Updated on Thursday, August 06, 2026 12:03 PM IST

गांधीनगर : गुजरात सरकार ने पंचायती राज व्यवस्था में पारदर्शिता, जवाबदेही और सुशासन को और अधिक मजबूत बनाने के लिए एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। अब तक पंचायतों में ऑडिट के दौरान सामने आने वाली गंभीर अनियमितताओं पर कार्रवाई में प्रक्रियागत विलंब होता था, परंतु अब यह स्थिति बदलने जा रही है।

मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल के नेतृत्व में राज्य सरकार ने पारदर्शी पंचायत की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए सभी जिला विकास अधिकारियों (डीडीओ) को निर्देश दिया है कि ग्राम पंचायत, तहसील पंचायत और जिला पंचायत का वार्षिक ऑडिट पूरा होते ही अनिवार्य रूप से 'एग्जिट कॉन्फ्रेंस' आयोजित की जाए, जिससे गंभीर अनियमितताओं के विरुद्ध तत्काल कार्रवाई शुरू की जा सके। इस निर्णय के माध्यम से राज्य सरकार ने भ्रष्टाचार के विरुद्ध कड़ा संदेश दिया है। साथ ही; इस निर्णय से पंचायती राज व्यवस्था में वित्तीय अनियमितताओं पर अंकुश लगेगा और पारदर्शिता बढ़ने के साथ जनता के धन का अधिक प्रभावी संरक्षण सुनिश्चित हो सकेगा।

'पारदर्शी पंचायत' के लिए प्रतिबद्ध मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल के नेतृत्व वाली राज्य सरकार तथा मंत्री ऋषिकेश पटेल और राज्य मंत्री संजय सिंह महिडा के मार्गदर्शन में पंचायत एवं ग्रामीण आवास निर्माण विभाग ने 28 जुलाई को एक परिपत्र जारी कर समग्र राज्य में नई प्रक्रिया लागू कर दी है। नई व्यवस्था के अनुसार अब प्रत्येक जिला, तहसील और ग्राम पंचायत का ऑडिट पूरा होते ही निर्धारित तिथि पर जिला विकास अधिकारी (डीडीओ) की अध्यक्षता में अनिवार्य रूप से एग्जिट कॉन्फ्रेंस आयोजित की जाएगी। इसमें स्थानीय निधि लेखा विभाग के वरिष्ठ ऑडिट अधिकारी ऑडिट के दौरान सामने आई केवल गंभीर अनियमितताओं को प्रस्तुत करेंगे।

इस एग्जिट कॉन्फ्रेंस में गबन, नियमों के विरुद्ध की गई खरीद, अवैध भर्ती, वित्तीय अनियमितताओं अथवा अन्य गंभीर प्रशासनिक त्रुटियों पर सीधे चर्चा होगी और जिला विकास अधिकारी प्राथमिकता के आधार पर तत्काल अनुशासनात्मक, निवारणात्मक अथवा कानूनी कार्रवाई शुरू कर सकेंगे। इससे ऑडिट केवल कागजी प्रक्रिया बनकर नहीं रह जाएगा, बल्कि त्वरित निर्णय एवं जवाबदेही तय करने का प्रभावी माध्यम बनेगा।

गुजरात सरकार ने पिछले कुछ वर्षों में प्रशासनिक पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ाने के लिए अनेक सुधारात्मक कदम उठाए हैं। पंचायतों में ऑडिट के बाद अनिवार्य एग्जिट कॉन्फ्रेंस आयोजित करने की नई व्यवस्था भी उसी दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। यह निर्णय केवल भ्रष्टाचार के विरुद्ध कड़ा संदेश ही नहीं देता, बल्कि पंचायती राज संस्थाओं को अधिक जवाबदेह, पारदर्शी और परिणामोन्मुखी बनाने के प्रति राज्य सरकार की प्रतिबद्धता को भी स्पष्ट रूप से व्यक्त करता है।

अब ऑडिट रिपोर्ट फाइलों में लंबित नहीं रहेगी, अपितु तत्काल एवं प्रभावी कार्रवाई का आधार बनेगी, जिससे अंततः ग्रामीण विकास को नई गति मिलेगी और जनता के धन की बेहतर सुरक्षा सुनिश्चित होगी।

इस नई व्यवस्था का सबसे बड़ा लाभ सामान्य ग्रामीण नागरिकों को मिलेगा। गांव के विकास के लिए आवंटित सार्वजनिक धन का उचित उपयोग सुनिश्चित करने की व्यवस्था और अधिक मजबूत बनेगी। अनियमितताओं पर वर्षों तक प्रतीक्षा करने के बजाय समय पर कार्रवाई होने से भ्रष्टाचार को बढ़ावा देने वाली मानसिकता पर प्रभावी नियंत्रण आएगा।

अधिकारियों और कर्मचारियों में भी जवाबदेही की भावना बढ़ेगी, क्योंकि ऑडिट पूरा होने के तुरंत बाद उन्हें जवाब देना होगा। साथ ही विकास कार्यों की गुणवत्ता बढ़ेगी, नियमों का पालन अधिक कड़ाई से होगा तथा सार्वजनिक धन के दुरुपयोग पर रोक लगेगी। इसके परिणामस्वरूप गांवों में सड़क, पेयजल, स्वच्छता, सामाजिक सुविधाओं तथा अन्य विकास कार्यों के लिए आवंटित प्रत्येक रुपए का उचित उपयोग सुनिश्चित हो सकेगा।

 

Have something to say? Post your comment
'बनासकांठा के किसान खुद आलू को सोना बना रहे हैं', पीएम मोदी का राहुल गांधी पर तंज

: 'बनासकांठा के किसान खुद आलू को सोना बना रहे हैं', पीएम मोदी का राहुल गांधी पर तंज

राष्ट्रीय संग्रहालय में पर्यावरण संरक्षण पर संगोष्ठी आयोजित, प्रतियोगिता के विजेता सम्मानित

: राष्ट्रीय संग्रहालय में पर्यावरण संरक्षण पर संगोष्ठी आयोजित, प्रतियोगिता के विजेता सम्मानित

प्रधानमंत्री मोदी ने जारी की पीएम-किसान की 24वीं किस्त, 9.34 करोड़ किसान परिवारों को मिले 18,680 करोड़ रुपए

: प्रधानमंत्री मोदी ने जारी की पीएम-किसान की 24वीं किस्त, 9.34 करोड़ किसान परिवारों को मिले 18,680 करोड़ रुपए

कुछ लोगों का प्लान देश में अफरातफरी फैलाना था ताकि मोदी को बदनाम कर सकें: पीएम मोदी

: कुछ लोगों का प्लान देश में अफरातफरी फैलाना था ताकि मोदी को बदनाम कर सकें: पीएम मोदी

जीवन के अंतिम क्षण तक जनता की सेवा में जुटा रहूंगा: प्रधानमंत्री मोदी

: जीवन के अंतिम क्षण तक जनता की सेवा में जुटा रहूंगा: प्रधानमंत्री मोदी

भारत के 500 गीगावाट स्वच्छ ऊर्जा लक्ष्य के लिए 2.5 ट्रिलियन डॉलर निवेश की जरूरत: एसोचैम

: भारत के 500 गीगावाट स्वच्छ ऊर्जा लक्ष्य के लिए 2.5 ट्रिलियन डॉलर निवेश की जरूरत: एसोचैम

भारत और श्रीलंका की नौसेना का शक्ति प्रदर्शन, युद्धपोतों ने किया संयुक्त अभ्यास

: भारत और श्रीलंका की नौसेना का शक्ति प्रदर्शन, युद्धपोतों ने किया संयुक्त अभ्यास

भारत-बेल्जियम-लक्जमबर्ग के बीच आर्थिक सहयोग बढ़ाने पर जोर, 19वां संयुक्त आयोग सत्र आयोजित

: भारत-बेल्जियम-लक्जमबर्ग के बीच आर्थिक सहयोग बढ़ाने पर जोर, 19वां संयुक्त आयोग सत्र आयोजित

हमारे किसान विकसित भारत के सबसे मजबूत स्तंभों में से एक: पीएम मोदी

: हमारे किसान विकसित भारत के सबसे मजबूत स्तंभों में से एक: पीएम मोदी

अटलांटा पहुंचे विदेश मंत्री एस जयशंकर, अमेरिका ने समुद्री मार्गों, ऊर्जा और सप्लाई चेन पर दिया जोर

: अटलांटा पहुंचे विदेश मंत्री एस जयशंकर, अमेरिका ने समुद्री मार्गों, ऊर्जा और सप्लाई चेन पर दिया जोर

X