Saturday, 31 October 2026
BREAKING
• पदक कुछ क्षणों में गले में डलता है, लेकिन उसे हासिल करने के लिए खिलाड़ी अपना जीवन लगा देता है : नायब सिंह सैनी • जनप्रतिनिधि सम्मेलन संविधान के प्रति प्रतिबद्धता और विधायी संस्थाओं की गरिमा को करेगा सुदृढ़ : हरविन्द्र कल्याण • प्रतिस्पर्धा के दौर में नवोन्मेष ही सफलता की असली पहचान है : अशोक बुवानीवाला • लोकतंत्र, संविधान और मताधिकार की रक्षा के लिए चुनाव आयोग की निष्पक्षता और जवाबदेही जरूरी : कुमारी सैलजा • कांग्रेस ने गन्ने के रेट में 165 प्रतिशत तो बीजेपी ने की मात्र 39 प्रतिशत बढ़ोत्तरी : भूपेंद्र हुड्डा • चीनी के दाम 55% तक बढ़े, फिर गन्ना किसानों को क्यों नहीं मिल रहा फायदा? : दीपेंद्र हुड्डा • अधिकारी की सादगी ने जीता दिल, सेवानिवृत्त कर्मचारी को खुद गाड़ी चलाकर घर छोड़ने पहुंचे IAS सुशील सारवान • ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ रैली में हरियाणा से बड़ी भागीदारी की तैयारी, सुरजेवाला से मिले संजय दत्त और राव नरेंद्र सिंह • ‘वोट बचाओ-देश बचाओ’ महारैली के लिए कांग्रेस ने तेज की तैयारियां, करनाल-पानीपत-सोनीपत में हुईं बैठकें • राहुल गांधी की 'वोट बचाओ, देश बचाओ' रैली में शामिल होने की हिमाचल के सीएम ने की अपील

राष्ट्रीय

पीएम आवास की ओर प्रस्तावित मार्च रोकने की मांग, देशभर के वकीलों ने दिल्ली पुलिस कमिश्नर को सौंपा ज्ञापन

Updated on Tuesday, August 04, 2026 14:02 PM IST

प्रधानमंत्री आवास की ओर किसी भी प्रस्तावित मार्च को रोकने और उच्च सुरक्षा वाले इलाकों में प्रदर्शन के लिए स्पष्ट नियम बनाने की मांग को लेकर देशभर के सैकड़ों वकीलों ने दिल्ली पुलिस कमिश्नर को ज्ञापन सौंपा है। वकीलों ने ज्ञापन में कहा है कि प्रधानमंत्री आवास देश के सबसे संवेदनशील और उच्च सुरक्षा वाले प्रतिष्ठानों में से एक है। ऐसे में यहां राजनीतिक प्रदर्शन की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए। उन्होंने दिल्ली पुलिस से मांग की है कि पीएम आवास जैसे हाई-सिक्योरिटी जोन में राजनीतिक प्रदर्शन के लिए एक मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) तैयार की जाए।

केजरीवाल के आह्वान और 20 जुलाई की घटना का जिक्र
यह ज्ञापन एडवोकेट संकेत गुप्ता के माध्यम से भेजा गया है। ज्ञापन में अरविंद केजरीवाल द्वारा प्रधानमंत्री आवास की ओर मार्च के आह्वान का भी उल्लेख किया गया है। वकीलों का कहना है कि 20 जुलाई को बिना अनुमति के हुए धरने जैसी घटनाएं दोबारा न हों, इसे रोकना जरूरी है। उन्होंने आशंका जताई है कि अगर राजनीतिक दल या संगठन हाई-सिक्योरिटी क्षेत्रों की ओर जुटान करते हैं तो इससे सुरक्षा व्यवस्था पर अतिरिक्त दबाव पड़ सकता है।

संविधान और सुरक्षा कानूनों का हवाला
ज्ञापन में यह भी कहा गया है कि संविधान के अनुच्छेद 19 के तहत शांतिपूर्ण प्रदर्शन का अधिकार सभी को है, लेकिन सार्वजनिक व्यवस्था और राष्ट्रीय सुरक्षा को उससे ऊपर रखना आवश्यक है। इसी आधार पर मांग की गई है कि प्रधानमंत्री आवास के आसपास किसी भी तरह की अवैध सभा, जुलूस या प्रदर्शन की अनुमति न दी जाए। वकीलों ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) और एसपीजी अधिनियम के प्रावधानों का भी जिक्र किया है तथा कहा है कि इन कानूनों के अनुसार कार्रवाई की जाए। साथ ही दिल्ली पुलिस से अपील की गई है कि वह सभी हाई-सिक्योरिटी प्रतिष्ठानों के आसपास प्रदर्शन को लेकर एक समान और व्यापक एसओपी जारी करे।

स्पष्ट दिशा-निर्देश बनाने की मांग
वकीलों ने कहा है कि भविष्य में अगर कोई राजनीतिक दल या संगठन हाई-सिक्योरिटी क्षेत्र की ओर मार्च का सार्वजनिक आह्वान करता है तो उस पर रोक के लिए स्पष्ट दिशा-निर्देश पहले से तय होने चाहिए। ज्ञापन को अत्यंत जरूरी बताते हुए उन्होंने दिल्ली पुलिस से इस मामले में तत्काल निवारक कार्रवाई करने का अनुरोध किया है।

Have something to say? Post your comment
'बनासकांठा के किसान खुद आलू को सोना बना रहे हैं', पीएम मोदी का राहुल गांधी पर तंज

: 'बनासकांठा के किसान खुद आलू को सोना बना रहे हैं', पीएम मोदी का राहुल गांधी पर तंज

राष्ट्रीय संग्रहालय में पर्यावरण संरक्षण पर संगोष्ठी आयोजित, प्रतियोगिता के विजेता सम्मानित

: राष्ट्रीय संग्रहालय में पर्यावरण संरक्षण पर संगोष्ठी आयोजित, प्रतियोगिता के विजेता सम्मानित

प्रधानमंत्री मोदी ने जारी की पीएम-किसान की 24वीं किस्त, 9.34 करोड़ किसान परिवारों को मिले 18,680 करोड़ रुपए

: प्रधानमंत्री मोदी ने जारी की पीएम-किसान की 24वीं किस्त, 9.34 करोड़ किसान परिवारों को मिले 18,680 करोड़ रुपए

कुछ लोगों का प्लान देश में अफरातफरी फैलाना था ताकि मोदी को बदनाम कर सकें: पीएम मोदी

: कुछ लोगों का प्लान देश में अफरातफरी फैलाना था ताकि मोदी को बदनाम कर सकें: पीएम मोदी

जीवन के अंतिम क्षण तक जनता की सेवा में जुटा रहूंगा: प्रधानमंत्री मोदी

: जीवन के अंतिम क्षण तक जनता की सेवा में जुटा रहूंगा: प्रधानमंत्री मोदी

भारत के 500 गीगावाट स्वच्छ ऊर्जा लक्ष्य के लिए 2.5 ट्रिलियन डॉलर निवेश की जरूरत: एसोचैम

: भारत के 500 गीगावाट स्वच्छ ऊर्जा लक्ष्य के लिए 2.5 ट्रिलियन डॉलर निवेश की जरूरत: एसोचैम

भारत और श्रीलंका की नौसेना का शक्ति प्रदर्शन, युद्धपोतों ने किया संयुक्त अभ्यास

: भारत और श्रीलंका की नौसेना का शक्ति प्रदर्शन, युद्धपोतों ने किया संयुक्त अभ्यास

भारत-बेल्जियम-लक्जमबर्ग के बीच आर्थिक सहयोग बढ़ाने पर जोर, 19वां संयुक्त आयोग सत्र आयोजित

: भारत-बेल्जियम-लक्जमबर्ग के बीच आर्थिक सहयोग बढ़ाने पर जोर, 19वां संयुक्त आयोग सत्र आयोजित

हमारे किसान विकसित भारत के सबसे मजबूत स्तंभों में से एक: पीएम मोदी

: हमारे किसान विकसित भारत के सबसे मजबूत स्तंभों में से एक: पीएम मोदी

अटलांटा पहुंचे विदेश मंत्री एस जयशंकर, अमेरिका ने समुद्री मार्गों, ऊर्जा और सप्लाई चेन पर दिया जोर

: अटलांटा पहुंचे विदेश मंत्री एस जयशंकर, अमेरिका ने समुद्री मार्गों, ऊर्जा और सप्लाई चेन पर दिया जोर

X