Saturday, 31 October 2026
BREAKING
• पदक कुछ क्षणों में गले में डलता है, लेकिन उसे हासिल करने के लिए खिलाड़ी अपना जीवन लगा देता है : नायब सिंह सैनी • जनप्रतिनिधि सम्मेलन संविधान के प्रति प्रतिबद्धता और विधायी संस्थाओं की गरिमा को करेगा सुदृढ़ : हरविन्द्र कल्याण • प्रतिस्पर्धा के दौर में नवोन्मेष ही सफलता की असली पहचान है : अशोक बुवानीवाला • लोकतंत्र, संविधान और मताधिकार की रक्षा के लिए चुनाव आयोग की निष्पक्षता और जवाबदेही जरूरी : कुमारी सैलजा • कांग्रेस ने गन्ने के रेट में 165 प्रतिशत तो बीजेपी ने की मात्र 39 प्रतिशत बढ़ोत्तरी : भूपेंद्र हुड्डा • चीनी के दाम 55% तक बढ़े, फिर गन्ना किसानों को क्यों नहीं मिल रहा फायदा? : दीपेंद्र हुड्डा • अधिकारी की सादगी ने जीता दिल, सेवानिवृत्त कर्मचारी को खुद गाड़ी चलाकर घर छोड़ने पहुंचे IAS सुशील सारवान • ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ रैली में हरियाणा से बड़ी भागीदारी की तैयारी, सुरजेवाला से मिले संजय दत्त और राव नरेंद्र सिंह • ‘वोट बचाओ-देश बचाओ’ महारैली के लिए कांग्रेस ने तेज की तैयारियां, करनाल-पानीपत-सोनीपत में हुईं बैठकें • राहुल गांधी की 'वोट बचाओ, देश बचाओ' रैली में शामिल होने की हिमाचल के सीएम ने की अपील

पंजाब

पंजाब बोर्ड के हजारों Students के लिए खड़ी हुई मुसीबत, इस जरूरी काम ने बढ़ाई टेंशन

Updated on Sunday, June 28, 2026 19:50 PM IST

लुधियाना : पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड द्वारा बोर्ड क्लासों के लिए डिजिटल बर्थ सर्टीफिकेट को अनिवार्य किया गया है, परंतु सेवा केंद्रों में यह सर्टीफिकेट न बन पाने के कारण विद्यार्थियों, अभिभावकों और स्कूल संचालकों की चिंताएं काफी बढ़ गई हैं। परीक्षा फॉर्म और रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया के लिए यह दस्तावेज अति आवश्यक है लेकिन सेवा केंद्रों में जारी भारी रश के कारण इसे समय पर बनवाना एक बड़ी चुनौती बन गया है।


वर्तमान में पंजाब सरकार की ‘मुख्य मंत्री धीयां-भैणा सत्कार स्कीम’ के तहत लाभ लेने के लिए जाति सर्टीफिकेट और अन्य दस्तावेज बनवाने वाले आवेदकों की सेवा केंद्रों में भारी भीड़ देखने को मिल रही है। इस योजना के कारण हर छोटे-बड़े सेवा केंद्र पर सुबह से ही बड़ी संख्या में लोग पहुंच रहे हैं। इस भारी भीड़ के कारण सेवा केंद्रों का पूरा स्टाफ और डिजिटल सिस्टम केवल स्कीम के दस्तावेज तैयार करने में व्यस्त है, जिसके चलते बोर्ड क्लासों के विद्यार्थियों के डिजिटल बर्थ सर्टीफिकेट नहीं बन पा रहे हैं।


दिहाड़ी छोड़कर चक्कर काटने को मजबूर हैं अभिभावक
डिजिटल सर्टीफिकेट न बनने के कारण सबसे ज्यादा परेशानी गरीब और मध्यमवर्गीय परिवारों को झेलनी पड़ रही है। दिहाड़ी-मजदूरी करने वाले अभिभावक अपने बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के लिए अपनी रोजाना की दिहाड़ी छोड़कर सुबह से ही सेवा केंद्रों के बाहर लंबी लाइनों में खड़े होने को मजबूर हैं। दिनभर इंतजार करने के बाद भी जब काऊंटरों पर उनका नंबर आता है, तो भारी रश या सर्वर डाऊन होने का हवाला देकर उन्हें वापस भेज दिया जाता है, जिससे विद्यार्थी और उनके अभिभावक लगातार मानसिक रूप से परेशान हो रहे हैं।


स्कूल संचालकों और अध्यापकों के सामने खड़ी हुई बड़ी समस्या
शिक्षा बोर्ड के नियमों के मुताबिक बिना डिजिटल बर्थ सर्टीफिकेट के विद्यार्थियों के बोर्ड परीक्षाओं के रजिस्ट्रेशन फॉर्म और अन्य जरूरी दस्तावेज ऑनलाइन सबमिट नहीं किए जा सकते। स्कूल संचालकों और अध्यापकों का कहना है कि वे लगातार विद्यार्थियों को सर्टीफिकेट जमा करने के लिए कह रहे हैं लेकिन सेवा केंद्रों में सर्टीफिकेट न बनने के कारण वे भी बेबस नजर आ रहे हैं। यदि समय रहते ये डिजिटल सर्टीफिकेट बोर्ड के पोर्टल पर अपलोड नहीं हुए, तो रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया में बड़ी समस्या आ सकती है।


विद्यार्थियों, अभिभावकों और स्कूल संचालकों ने पंजाब सरकार और पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड के उच्च अधिकारियों से पुरजोर मांग की है कि सेवा केंद्रों के मौजूदा हालात और डिजिटल बर्थ सर्टीफिकेट न बनने की समस्या को गंभीरता से लिया जाए। उन्होंने मांग की है कि सर्टीफिकेट जमा करने की समय-सीमा को कम से कम 6 महीने के लिए आगे बढ़ाया जाए, ताकि विद्यार्थियों की पढ़ाई और भविष्य पर कोई विपरीत असर न पड़े।


“बोर्ड क्लासों के विद्यार्थियों के लिए डिजिटल बर्थ सर्टीफिकेट अनिवार्य करने से पहले सरकार को सेवा केंद्रों के प्रबंध दुरुस्त करने चाहिएं थे। इस समय सेवा केंद्रों में अन्य सरकारी स्कीमों के कारण भारी भीड़ है जिससे विद्यार्थियों के सर्टीफिकेट नहीं बन पा रहे। अगर बोर्ड ने समय-सीमा न बढ़ाई तो विद्यार्थियों को भारी परेशानी हो सकती है। सरकार को तुरंत इसकी अवधि कम से कम 6 महीने बढ़ानी चाहिए।”

 

Have something to say? Post your comment
भगवंत मान सरकार की अवैध खनन के विरुद्ध जीरो टॉलरेंस नीति: पांच वर्षों में पंजाब भर में 1,845 एफआईआर दर्ज, 3,988 वाहन और मशीनें जब्त

: भगवंत मान सरकार की अवैध खनन के विरुद्ध जीरो टॉलरेंस नीति: पांच वर्षों में पंजाब भर में 1,845 एफआईआर दर्ज, 3,988 वाहन और मशीनें जब्त

अमन अरोड़ा द्वारा ब्रिटिश प्रतिनिधिमंडल के साथ रणनीतिक वार्ता, यू.के. के व्यापार के लिए पंजाब के अनुकूल औद्योगिक पारिस्थितिकी तंत्र की पेशकश

: अमन अरोड़ा द्वारा ब्रिटिश प्रतिनिधिमंडल के साथ रणनीतिक वार्ता, यू.के. के व्यापार के लिए पंजाब के अनुकूल औद्योगिक पारिस्थितिकी तंत्र की पेशकश

ओलंपियन सुरजीत सिंह हॉकी स्टेडियम में ‘साडा पिंड’ बना आकर्षण का केंद्र

: ओलंपियन सुरजीत सिंह हॉकी स्टेडियम में ‘साडा पिंड’ बना आकर्षण का केंद्र

एशियन चैंपियंस ट्रॉफी को लेकर हॉकी जगत में जबरदस्त उत्साह

: एशियन चैंपियंस ट्रॉफी को लेकर हॉकी जगत में जबरदस्त उत्साह

नशा तस्करी और अवैध हथियारों की आपूर्ति के नेटवर्क से जुड़े 8 गिरफ्तार; 11 पिस्तौल और 2.2 किलो हेरोइन बरामद

: नशा तस्करी और अवैध हथियारों की आपूर्ति के नेटवर्क से जुड़े 8 गिरफ्तार; 11 पिस्तौल और 2.2 किलो हेरोइन बरामद

पंजाब भाजपा ने जल्द विधानसभा चुनाव कराने की मांग की

: पंजाब भाजपा ने जल्द विधानसभा चुनाव कराने की मांग की

संगरूर में 4 नवंबर को कांग्रेस की 'इंसाफ रैली', पौने पांच साल का हिसाब मांगेगी पार्टी: परगट सिंह

: संगरूर में 4 नवंबर को कांग्रेस की 'इंसाफ रैली', पौने पांच साल का हिसाब मांगेगी पार्टी: परगट सिंह

सुनील जाखड़ ने पंजाब के राज्यपाल को लिखा पत्र, जल्द आचार संहिता लागू करने की मांग

: सुनील जाखड़ ने पंजाब के राज्यपाल को लिखा पत्र, जल्द आचार संहिता लागू करने की मांग

गैंगस्टरां ते वार का 282वां दिन: पंजाब पुलिस ने 528 ठिकानों पर की छापेमारी; 188 काबू

: गैंगस्टरां ते वार का 282वां दिन: पंजाब पुलिस ने 528 ठिकानों पर की छापेमारी; 188 काबू

पंजाब की मंडियों में धान की सरकारी खरीद 100 लाख मीट्रिक टन से पार: लाल चंद कटारूचक्क

: पंजाब की मंडियों में धान की सरकारी खरीद 100 लाख मीट्रिक टन से पार: लाल चंद कटारूचक्क

X