Friday, 30 October 2026
BREAKING
• कुछ लोगों का प्लान देश में अफरातफरी फैलाना था ताकि मोदी को बदनाम कर सकें: पीएम मोदी • जीवन के अंतिम क्षण तक जनता की सेवा में जुटा रहूंगा: प्रधानमंत्री मोदी • भारत के 500 गीगावाट स्वच्छ ऊर्जा लक्ष्य के लिए 2.5 ट्रिलियन डॉलर निवेश की जरूरत: एसोचैम • भारत और श्रीलंका की नौसेना का शक्ति प्रदर्शन, युद्धपोतों ने किया संयुक्त अभ्यास • भारत-बेल्जियम-लक्जमबर्ग के बीच आर्थिक सहयोग बढ़ाने पर जोर, 19वां संयुक्त आयोग सत्र आयोजित • हमारे किसान विकसित भारत के सबसे मजबूत स्तंभों में से एक: पीएम मोदी • अमित शाह ने लखनऊ में भाजपा प्रदेश कार्यसमिति की बैठक का किया उद्घाटन, 2027 चुनाव पर फोकस • अटलांटा पहुंचे विदेश मंत्री एस जयशंकर, अमेरिका ने समुद्री मार्गों, ऊर्जा और सप्लाई चेन पर दिया जोर • भारत में 2011 से 2023 के बीच 49.6 करोड़ लोग गरीबी से बाहर निकले: विश्व बैंक • 1 नवंबर से दिल्ली में वाहनों पर सख्त पाबंदी, ट्रैफिक पुलिस ने जारी की संशोधित GRAP गाइडलाइंस

खेल

सत्यजीत रे से 'डेढ़ मिनट' की मुलाकात में जावेद सिद्दीकी बने थे संवाद लेखक, ऐसे तैयार हुई थी 'शतरंज के खिलाड़ी' की स्क्रिप्ट

Updated on Saturday, May 02, 2026 17:30 PM IST

मुंबई : भारत के महानतम फिल्मकार सत्यजीत रे की पहली फिल्म ‘पाथेर पांचाली’ बनाने के पीछे का संघर्ष आज भी प्रेरणादायक है। फिल्म बनाने के लिए वे प्रोड्यूसर्स के पास नोटबुक लेकर जाते थे और अपनी जीवन बीमा पॉलिसी तक गिरवी रख दी थी। 1956 में कान फिल्म फेस्टिवल में अपनी पहली फिल्म दिखाकर उन्होंने भारतीय सिनेमा को विश्व स्तर पर नई पहचान दिलाई। हालांकि वह अपनी हर एक फिल्म के छोटे से छोटे हिस्से को बखूबी मांजते थे।

सत्यजीत रे का सिनेमा यथार्थवादी था। इसमें मारधाड़, नाच-गाना या सपनों की दुनिया नहीं थी। उनकी फिल्मों में भूख, गरीबी, सामाजिक अन्याय और सदियों से शोषित महिलाओं की पीड़ा दिखती थी। मुंबई के व्यावसायिक सिनेमा और सत्यजीत रे के गंभीर सिनेमा में जमीन-आसमान का अंतर था। उन्होंने समाज की समस्याओं पर रचनात्मक हस्तक्षेप किया।

लेखक जावेद सिद्दीकी ने एक इंटरव्यू में सत्यजीत रे और उनकी फिल्म 'शतरंज के खिलाड़ी' से जुड़ी यादें साझा की थी। उन्होंने बताया था कि ‘शतरंज के खिलाड़ी’ उनकी फिल्मी यात्रा की शुरुआत थी। उससे पहले उन्होंने कोई फिल्म नहीं लिखी थी। पत्रकारिता छोड़ने के बाद उनकी दोस्त लेखिका शमा जैदी ने बताया कि सत्यजीत रे उनसे मिलना चाहते हैं। जावेद सिद्दीकी ने पहले तो इसे मजाक समझा लेकिन बॉम्बे के होटल में गए।

वह बताते हैं, “सत्यजीत रे की आवाज बहुत गहरी और प्रभावशाली थी। उन्होंने खुद दरवाजा खोला। मैंने पहली बार इतने लंबे बंगाली व्यक्ति को देखा। वे करीब छह फीट दो इंच लंबे थे। सफेद खादी का कुर्ता-पजामा पहने हुए थे। उनकी व्यक्तित्व बहुत आकर्षक था। सत्यजीत रे सोचते समय चश्मे की डंडी या रुमाल का कोना चबाने लगते थे। उन्होंने जावेद सिद्दीकी से कहा, “मुझे बताया गया है कि आप बहुत अच्छे कहानीकार हैं।” जावेद सिद्दीकी ने जवाब दिया कि वे उर्दू में लिखते हैं। सत्यजीत रे ने कहा, “यह मेरी स्क्रिप्ट है, आप डायलॉग लिखिए।” पूरी मुलाकात सिर्फ डेढ़ मिनट की थी। जावेद सिद्दीकी हैरान थे। वे शमा जैदी के पास गए और पूछा कि डायलॉग कैसे लिखे जाते हैं। डायलॉग लिखने के बाद प्रोड्यूसर सुरेश जिंदल काफी घबराए हुए थे।

उन्होंने बताया था कि फिल्म महत्वपूर्ण थी और दुनिया उसका इंतजार कर रही थी। सुरेश जिंदल ने मुंबई के कई पढ़े-लिखे और उर्दू जानने वाले लोगों को बुलाया। 20 लोगों की एक सभा में जावेद सिद्दीकी ने पहले फ्रेम से आखिरी फ्रेम तक डायलॉग पढ़कर सुनाए। सब चुप थे। तभी सत्यजीत रे की आवाज आई, “मुझे नहीं पता कि आपने क्या लिखा है, लेकिन जो भी है उसकी साउंडिग जबरदस्त है। यह जुमला जावेद सिद्दीकी कभी नहीं भूल पाए।

सत्यजीत रे को उनके करीबी ‘मानिक दा’ कहकर पुकारते थे। वे बेहद मेहनती थे। फिल्म बनाने में वे खुद कैमरा चलाते थे, बैकग्राउंड म्यूजिक देते थे और एडिटिंग भी खुद देखते थे। छोटी-छोटी बातों पर गौर करते थे। जीवन में आए तमाम संघर्षों के बाद भी उन्होंने कभी समझौता नहीं किया। उनका सिनेमा हमेशा समाज की हकीकत पर आधारित रहा।

‘जावेद सिद्दीकी बताते हैं कि मानिक दा से उन्होंने बहुत कुछ सीखा। वे फिल्म को गहराई से महसूस करके बनाते थे। सत्यजीत रे की मेहनत, समर्पण और यथार्थवाद फिल्मकारों को हमेशा प्रेरित करता रहेगा।

 

Have something to say? Post your comment
चौथे टी20 में न्यूजीलैंड ने भारत को 87 रन से हराया, ग्लेन फिलिप्स ने जड़ा शतक

: चौथे टी20 में न्यूजीलैंड ने भारत को 87 रन से हराया, ग्लेन फिलिप्स ने जड़ा शतक

न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज से बाहर हुए प्रसिद्ध कृष्णा, हैमस्ट्रिंग चोट से उबर रहे

: न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज से बाहर हुए प्रसिद्ध कृष्णा, हैमस्ट्रिंग चोट से उबर रहे

हाइलो ओपन: पीवी सिंधु और लक्ष्य सेन दूसरे दौर में पहुंचे, एचएस प्रणॉय बाहर

: हाइलो ओपन: पीवी सिंधु और लक्ष्य सेन दूसरे दौर में पहुंचे, एचएस प्रणॉय बाहर

ऑस्ट्रेलिया टीम के लिए बुरी खबर, दिसंबर से पहले नहीं हो सकेगी स्टीव स्मिथ की मैदान पर वापसी

: ऑस्ट्रेलिया टीम के लिए बुरी खबर, दिसंबर से पहले नहीं हो सकेगी स्टीव स्मिथ की मैदान पर वापसी

ऑकलैंड में 'अजेय' रही है टीम इंडिया, ईडन पार्क के मैदान पर न्यूजीलैंड के खिलाफ टी20 रिकॉर्ड रहा है दमदार

: ऑकलैंड में 'अजेय' रही है टीम इंडिया, ईडन पार्क के मैदान पर न्यूजीलैंड के खिलाफ टी20 रिकॉर्ड रहा है दमदार

राशिद खान इतिहास रचने के करीब, अंतरराष्ट्रीय टी20 में कोई गेंदबाज हासिल नहीं कर सका है ये उपलब्धि

: राशिद खान इतिहास रचने के करीब, अंतरराष्ट्रीय टी20 में कोई गेंदबाज हासिल नहीं कर सका है ये उपलब्धि

न्यूजीलैंड-भारत चौथा टी20: अर्शदीप सिंह और मिशेल सेंटनर के पास होगा इतिहास रचने का मौका

: न्यूजीलैंड-भारत चौथा टी20: अर्शदीप सिंह और मिशेल सेंटनर के पास होगा इतिहास रचने का मौका

इंग्लैंड के कप्तान हैरी केन को मिला बैलन डी’ओर, 25 साल बाद इंग्लिश खिलाड़ी ने जीता अवॉर्ड

: इंग्लैंड के कप्तान हैरी केन को मिला बैलन डी’ओर, 25 साल बाद इंग्लिश खिलाड़ी ने जीता अवॉर्ड

वैभव सूर्यवंशी पर क्लूजनर का बड़ा बयान, बोले- भारत को मिल गया अगला सुपरस्टार

: वैभव सूर्यवंशी पर क्लूजनर का बड़ा बयान, बोले- भारत को मिल गया अगला सुपरस्टार

कॉमनवेल्थ कबड्डी में भारत का दबदबा, पुरुष और महिला टीम ने नाइजीरिया को हराया

: कॉमनवेल्थ कबड्डी में भारत का दबदबा, पुरुष और महिला टीम ने नाइजीरिया को हराया

X